विजय बहुगुणा, सत्य की गूंज
श्रीनगर गढ़वाल (ब्यूरो) । राजकीय मेडिकल कॉलेज, श्रीनगर के बेस अस्पताल में जल्द ही स्वास्थ्य सेवाओं और चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में एक नया अध्याय जुड़ने जा रहा है। संयुक्त राज्य अमेरिका की यूनिवर्सिटी ऑफ़ मेम्फिस के सहयोग से यहाँ क्लीनिकल और हेल्थ केयर रिसर्च सेंटर की स्थापना की जाएगी। प्रसिद्ध पब्लिक हेल्थ विशेषज्ञ डॉ. आशीष जोशी के प्रयासों से शुरू होने वाली यह पहल न केवल रिसर्च तक सीमित रहेगी, बल्कि इसका सीधा लाभ गढ़वाल के चार जिलों की जनता और चारधाम यात्रियों को मिलेगा।थीसिस से आगे बढ़कर जन-स्वास्थ्य पर होगा फोकसबेस अस्पताल में आयोजित महत्वपूर्ण बैठक में डॉ. आशीष जोशी ने कहा कि अब तक शोध (Research) केवल पीजी की डिग्री के लिए थीसिस लिखने तक सीमित रहता था। लेकिन इस सेंटर के खुलने से शोध का उद्देश्य साक्ष्य-आधारित उपचार और जनता की स्वास्थ्य समस्याओं का व्यावहारिक समाधान खोजना होगा। मेडिकल कॉलेज के रिसर्च पेपर अब राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रकाशित होंगे। यूजी (MBBS), पीजी छात्र और फैकल्टी को अपनी रिसर्च स्किल्स को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप निखारने का मौका मिलेगा।
चार जिलों और चारधाम यात्रियों के लिए वरदानयह सेंटर रुद्रप्रयाग, चमोली, पौड़ी और टिहरी जिलों के जनमानस के साथ-साथ चारधाम यात्रा पर आने वाले लाखों श्रद्धालुओं के लिए अवेयरनेस और स्क्रीनिंग कैंपों के जरिए काम करेगा। गांवों में मेडिकल कैंप लगाकर लोगों की स्क्रीनिंग की जाएगी ताकि गंभीर बीमारियों का समय पर पता चल सके।रेफरल मरीजों के लिए बनेगा ‘डिजिटल सूचना तंत्र’मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. आशुतोष सयाना ने एक बड़ी घोषणा करते हुए बताया कि:”प्रथम चरण में रुद्रप्रयाग और चमोली जिले के स्वास्थ्य केंद्रों के साथ एक ऐसा डिजिटल नेटवर्क बनाया जाएगा, जिससे बेस अस्पताल में रेफर होकर आने वाले मरीज की जानकारी पहले ही अपडेट हो जाए। इससे डॉक्टरों की टीम मरीज के पहुँचने से पहले ही अलर्ट और तैयार रहेगी।
बैठक के दौरान फाउंडेशन ऑफ हेल्थकेयर टेक्नोलॉजीज सोसाइटी (नई दिल्ली) की डॉ. मानसी गौनियाल, मानसी गुप्ता, डॉ. उपमा शर्मा सहित बेस अस्पताल के डॉ. सीएम शर्मा, डॉ. अजेय विक्रम सिंह, डॉ. दयाकृष्ण टम्टा और अन्य वरिष्ठ फैकल्टी व रेजिडेंट डॉक्टर उपस्थित रहे।