विजय बहुगुणा
श्रीनगर गढ़वाल(ब्यूरो) । राजकीय मेडिकल कॉलेज श्रीनगर के बेस अस्पताल में अन्य जिलों से आने वाले मरीजों को राहत देने के लिए एमआरआई सेवाओं को बेहतर बनाने की पहल शुरू की गई है। नई व्यवस्था के तहत अब दूसरे जिलों के सरकारी अस्पतालों से एमआरआई के लिए रेफर होकर आने वाले मरीजों की जांच सीधे संबंधित डॉक्टर द्वारा जारी पर्चे के आधार पर की जाएगी। इसके लिए मरीजों को बेस अस्पताल की आंतरिक ओपीडी पर्ची बनवाने की आवश्यकता नहीं होगी। मेडिकल कॉलेज प्रशासन इस व्यवस्था को प्रभावी बनाने के लिए अभी सभी जिलों के मुख्य चिकित्सा अधिकारियों (सीएमओ) को पत्र भेजेगा। साथ ही बेस अस्पताल के मेडिकल रिकॉर्ड विभाग को भी आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए जाएंगे।
रेडियोलॉजी विभाग में पूर्व से कार्यरत डॉ. नुपूर अरोड़ा के साथ अब एसोसिएट प्रोफेसर के पद पर डॉ. सौरभ सच्चर ने कार्यभार ग्रहण किया है। डॉ. सच्चर ने मेडिकल कॉलेज प्रशासन से वार्ता के बाद इस नई व्यवस्था को लागू करने की पहल की है। बेस अस्पताल पहाड़ी क्षेत्र के चार जिलों के लिए एमआरआई सुविधा का प्रमुख केंद्र है, जहां बड़ी संख्या में मरीज जांच के लिए पहुंचते हैं।
विभागीय निर्णय के अनुसार किसी भी सरकारी चिकित्सक द्वारा जारी नॉन-कॉन्ट्रास्ट एमआरआई अनुरोध पत्र को सीधे इमेजिंग के लिए स्वीकार किया जाएगा। जांच से पहले मरीज या उसके अधिकृत परिजन से सहमति ली जाएगी और निर्धारित शासकीय शुल्क जमा करने के बाद प्रक्रिया पूरी की जाएगी। मरीजों को एमआरआई जांच के एक घंटे के भीतर मरीज को फिल्म उपलब्ध करा दी जाएगी, जबकि जांच रिपोर्ट 24 घंटे के भीतर प्रदान की जाएगी। इस संबंध में औपचारिक आदेश कर्मचारियों को जारी कर दिए गए हैं। मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने सीएचसी, उप जिला अस्पताल, जिला अस्पताल, समीपवर्ती जिलों के संस्थानों तथा सीएपीएफ और सशस्त्र बलों के चिकित्सीय संस्थानों में इस संदर्भ में पत्र भेजेगा। इस जानकारी का व्यापक प्रचार-प्रसार करने की योजना बनाई है, ताकि अधिक से अधिक मरीज इसका लाभ उठा सकें।
चार जिलों से आने वाले मरीजों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए बाहरी अस्पतालों के पर्चे पर सीधे एमआरआई जांच शुरू की जा रही है। शुल्क जमा करने के बाद एक घंटे में फिल्म और 24 घंटे में रिपोर्ट उपलब्ध कराई जाएगी। इस व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए कॉलेज प्रशासन को पत्र भेजा गया है।—-
—डॉ. सौरभ सच्चर, एसोसिएट प्रोफेसर, रेडियोलॉजी विभाग बेस अस्पताल श्रीनगर।
रेडियोलॉजी विभाग के जनहित में लिए गए निर्णय के तहत संबद्ध जिलों के सीएमओ को पत्र भेजा जाएगा और बेस अस्पताल में व्यवस्था को मजबूती से लागू किया जाएगा, ताकि गढ़वाल क्षेत्र से आने वाले मरीजों को एमआरआई जांच में किसी प्रकार की परेशानी न हो। जल्द तमाम औपचारिकताएं पूर्ण करने उक्त व्यवस्था को शुरू करने की पहल होगी।
——डॉ. आशुतोष सयाना, प्राचार्य मेडिकल कॉलेज श्रीनगर।